बड़ी खबर: ऑपरेशन प्रहार को मिली सफलता

बड़ी खबर: ऑपरेशन प्रहार को मिली सफलता

ऑपरेशन प्रहार को मिली सफलता

सुकमा में माओवादियों की हथियार फैक्ट्री ध्वस्त

स्थान

सुकमा जिला, मेटागुड़ा इलाका

कार्रवाई

सुरक्षा बलों ने माओवादियों की अवैध ऑर्डिनेट्स फैक्ट्री (हथियार एवं विस्फोटक निर्माण इकाई) का भंडाफोड़ किया।

ऑपरेशन प्रहार के तहत कार्रवाई।

नेतृत्व

एसपी किरण चव्हाण के नेतृत्व में सुरक्षा बलों की संयुक्त टीम।

बरामदगी

भारी मात्रा में विस्फोटक सामग्री

कंट्रीमेड हथियार

बीजीएल (बैरल ग्रेनेड लॉन्चर) लांचर

हथियार व विस्फोटक बनाने की मशीनें और उपकरण

उद्देश्य

माओवादी इन हथियारों का उपयोग सुरक्षा बलों पर हमले के लिए करने वाले थे।

लगातार चल रहे अभियानों के बीच अपनी संगठनात्मक ताकत बढ़ाने की कोशिश।


असर और महत्व

  1. माओवादियों की बड़ी साजिश नाकाम → फैक्ट्री ध्वस्त होने से भविष्य के हमलों की योजना ध्वस्त।
  2. माओवादियों का प्रभाव घटा →

सुरक्षा कैंपों की स्थापना से दायरा सिमट रहा।

बढ़ते दबाव के कारण ठिकाने और हथियार डंप छोड़ने पर मजबूर।

  1. माओवाद का सफाया →

2026 तक देश से माओवाद खत्म करने का संकल्प।

कई माओवादी समर्पण कर रहे हैं।

शेष माओवादी सुरक्षा बलों की गोलियों का शिकार बन रहे हैं।


आधिकारिक बयान (मुख्य बिंदु)

“बरामद विस्फोटक और हथियार माओवादियों की बड़ी योजना का हिस्सा थे।”

“सुरक्षा बल हर चुनौती का जवाब देने के लिए तैयार हैं।”


यह कार्रवाई न सिर्फ सुरक्षा बलों की सफलता है, बल्कि माओवादियों की कमर तोड़ने वाली बड़ी चोट भी साबित हुई है।

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