करूर (तमिलनाडु)। अभिनेता से नेता बने विजय की पार्टी तमिलगा वेट्री कड़गम की करूर में आयोजित रैली में शनिवार शाम मची भगदड़ ने भयावह रूप ले लिया। हादसे में अब तक 36 लोगों की मौत हो चुकी है, जिनमें 8 बच्चे और 16 महिलाएं शामिल हैं।
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन ने घटना पर शोक व्यक्त करते हुए मृतकों के परिजनों को 10-10 लाख रुपए का मुआवज़ा देने की घोषणा की है। साथ ही, जांच के लिए रिटायर्ड हाईकोर्ट जस्टिस अरुणा जगदीशन की अध्यक्षता में एक सदस्यीय आयोग गठित किया गया है।
सीएम ने ज़िले में इमरजेंसी प्रोटोकॉल लागू करने के निर्देश दिए हैं और लोगों से प्रशासन व डॉक्टरों को सहयोग करने की अपील की है। हादसे के बाद स्वास्थ्य मंत्री एम. सुब्रमण्यम और पूर्व मंत्री सेंथिल बालाजी करूर के सरकारी मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल पहुंचे और हालात का जायजा लिया।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, राज्यपाल आर.एन. रवि, कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और विपक्ष के नेता एआईएडीएमके महासचिव के. पलानीस्वामी ने भी हादसे पर गहरा दुख जताया है और पीड़ित परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की है।
समाचार एजेंसी पीटीआई के अनुसार, विजय के भाषण के दौरान भीड़ अचानक बेकाबू हो गई। अफरातफरी में कई लोग बेहोश होकर गिर पड़े, जिससे भगदड़ मच गई। विजय ने तुरंत अपना भाषण रोककर प्रचार बस से लोगों की ओर पानी की बोतलें फेंकीं, लेकिन हालात काबू से बाहर हो चुके थे।
भारी भीड़ की वजह से एम्बुलेंस को घटनास्थल तक पहुंचने में भी कठिनाई हुई। प्रशासन ने आशंका जताई है कि मृतकों की संख्या और बढ़ सकती है।
यह हादसा अब तमिलनाडु की राजनीति और सुरक्षा इंतज़ामों पर बड़े सवाल खड़े कर रहा है।

