पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने सरकार पर हमला बोलते हुए कहा है कि प्रदेश में बिजली बिल को लेकर जनता में नाराज़गी लगातार बढ़ती जा रही है। उनका कहना है कि सरकार बने अभी दो साल भी पूरे नहीं हुए और इस दौरान तीन बार बिजली दरों में बढ़ोतरी कर दी गई है। ऊपर से बिजली बिल हॉफ योजना बंद होने के बाद जनता को दोगुना-तिगुना बढ़ा हुआ बिल मिल रहा है, जिससे लोग आर्थिक बोझ महसूस कर रहे हैं।
बघेल ने कहा कि जब योजना चल रही थी तब ज्यादा फर्क समझ नहीं आता था, लेकिन अब बढ़े हुए बिल देखकर जनता को समझ आ रहा है कि बिजली बिल हॉफ योजना से उन्हें कितना लाभ मिल रहा था।
उन्होंने आगे कहा कि एक तरफ स्वामी आत्मानंद स्कूलों की बदहाल व्यवस्था, दूसरी तरफ धान खरीदी को लेकर किसानों की बढ़ती चिंता, और राशनकार्ड कटौती की तैयारी — यह सब मिलकर आम जनता पर भारी संकट बना रहे हैं। ग्रामीण इलाकों में चर्चा है कि यदि सरकार ने इस साल धान नहीं खरीदा, तो किसानों पर आर्थिक संकट और गहरा जाएगा।
भूपेश बघेल ने पूछा —
“बिजली की मार अलग, शिक्षा की दुर्दशा अलग, धान पर संकट अलग और अब राशन की मार भी… आखिर जनता जाए तो कहाँ जाए?”

