रायपुर के खेल संचालनालय परिसर स्थित साइंस कॉलेज मैदान में बने मीडिया सेंटर में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में केन्द्रीय युवा कार्य एवं खेल राज्य मंत्री श्रीमती रक्षा निखिल खडसे ने छत्तीसगढ़ में आयोजित होने वाले खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स (केआईटीजी) 2026 को लेकर सरकार की प्राथमिकताएं साझा कीं।
उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार का मुख्य उद्देश्य आदिवासी युवाओं के बीच खेलों को बढ़ावा देना और देशभर में जमीनी स्तर की प्रतिभाओं को पहचान कर उन्हें आगे लाना है। इस आयोजन के जरिए छत्तीसगढ़ जैसे राज्यों में छिपी खेल प्रतिभाओं को राष्ट्रीय मंच मिलेगा।
मंत्री ने यह भी कहा कि खेलों के माध्यम से नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में सकारात्मक बदलाव लाने की दिशा में यह एक महत्वपूर्ण पहल है। खेल गतिविधियों से युवाओं को नई दिशा मिलेगी और वे मुख्यधारा से जुड़ेंगे।
उन्होंने बताया कि सरकार की योजना सीएसआर फंड के जरिए खेल इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने की है, ताकि गांव-गांव तक खेल सुविधाएं पहुंच सकें। खिलाड़ियों से मिल रहे अच्छे रिस्पॉन्स पर संतोष जताते हुए उन्होंने कहा कि देश में मजबूत स्पोर्ट्स कल्चर विकसित करना समय की मांग है।
रक्षा खडसे ने कहा कि भारत का लक्ष्य भविष्य में ओलंपिक की मेजबानी करना है, जिसके लिए अभी से तैयारियां की जा रही हैं। उन्होंने जोर देकर कहा—“हमारा मकसद है कि हर बच्चा खेले और खेलों के जरिए देश का नाम रोशन करे।”

